भारतीय चित्त, मानस और काल :- श्री धर्मपाल
File Size:
4.23 MB
Date:
18 जनवरी 2017

भारत की मूल अवधारणा और संस्कृति के बारे में श्री धर्मपाल जी कई बेहतरीन पुस्तकें लिखी हैं. उनके गहन अध्ययन और चिंतन से उपजी यह ऐसी ही एक पुस्तक है. जिसमें भारतीय चित्त व मानस का गहन विश्लेषण किया गया है. भारत का स्वधर्म, स्वदेशी और भारतीयता जैसे गूढ़ विषयों पर सरलता से समझाया गया है.... 

यह पुस्तक मुफ्त एवं मुक्त इंटरनेट वितरण के लिए है, मैं इस ज्ञान को ग्रहण करूँगा एवं दूसरों को भी पढ़ने के लिए प्रेरित करूँगा...
 
 
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